श्याम बाबा का लगा दरवार, बही भजनों की गंगा

 श्री श्याम जी सखा मंडल (पंजी), कानपुर द्वारा 17वां श्री श्याम महोत्सव दिनांक 2 अक्टूबर 2021 दिन शनिवार को कोठारी गुजरात भवन, नयागंज, कानपुर में बड़े ही धूमधाम से  मनाया गया, महोत्सव का प्रारंभ दोपहर 02:00 बजे श्री श्याम प्रभु की अखंड ज्योत प्रज्ज्वलित करके किया गया,  वृन्दावन से आए कुशल कारीगरों द्वारा बाबा श्याम का भव्य फूल बंगला तैयार किया गया जिसमे बेला, मोगरा, रजनीगंधा, आदि विभिन्न प्रकार के फूलो का इस्तेमाल किया गया एवं बाबा श्याम के श्रृंगार के लिए कोलकाता से आये  विभिन्न प्रकार के फूलो से बाबा को सजाया गया श्याम प्रभु के मनमोहक श्रृंगार के साथ एक तरफ श्री शिव परिवार और दूसरी तरफ श्री राम दरबार को विराजमान किया गया,जिसने महोत्सव स्थल पर उपस्थित सभी भक्तजनों का मन मोह लिया और वृन्दावन के श्री बाँके बिहारी जी मंदिर के फूल बंगले में उपस्थिति का एहसास करा दिया।
उत्सव का प्रारंभ मंडल अध्यक्ष प्रशांत अग्रवाल द्वारा दीप प्रज्वलित करके किया गया
तत्पश्चात जयपुर से पधारे भजन गायक चैतन्य दाधीच द्वारा *“श्याम बाबा को श्रृंगार मन भावे खाटू वाले को दरबार मन भावे, दुनिया का नजारा के देखा”एवं थारी कांई छः मनस्या कांई छः विचार सुणियो जी म्हारा लखदातार* भजन गाकर एक अनूठा माहौल बना दिया, भजनों की इसी कड़ी को आगे बढ़ाते हुए कोलकाता से आए भजन प्रवाह बंधु शुभम रूपम ने *“तेरे बिना श्याम, हमारा नहीं कोई रे, हमारा नहीं कोई रे, सहारा नहीं कोई रे” एवं “आ खाटू के श्याम बुलाते भक्त तुझे घनश्याम जगमग ज्योत जले”* सभी को भाव पूर्ण भजनों की गंगा में डुबो दिया।
इसके बाद भजनों की कमान  श्याम गोयनका – गोपाल अग्रवाल एवं श्री श्याम सखा मंडल के राम पांडे द्वारा संभाली गई, इसी मस्ती को समापन के चरण में ले जाते हुए निशान उत्सव, गजरा उत्सव एवं फूलों की होली द्वारा श्याम बाबा के गुणगान की भक्ति की अमृत वर्षा की गई जिससे उपस्थित जनमानस ओतप्रोत हो गया।

प्रसाशन द्वारा Covid-19 के दिशा-निर्देशो का पालन करते हुए इस वर्ष मंडल द्वारा सखा मंडल परिवार की उपस्थिति में ही महोत्सव का आयोजन किया गया।

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